दिव्या - वन्तिका : भविष्य की है बड़ी उम्मीद !
06/09/2020 -जब भारतीय टीम के चयन ऑनलाइन ओलंपियाड के लिए किया गया था तो दिव्या देशमुख और वन्तिका अग्रवाल का चयन जूनियर बालिका वर्ग के लिए किया गया ,हालांकि उस समय यह सवाल भी उठे की देश की शीर्ष जूनियर खिलाड़ी आर वैशाली को क्यूँ जूनियर की जगह सीनियर स्थान से खिलाया गया पर दिव्या और वन्तिका नें अपने खेल से कभी भी टीम को मुश्किल मे नहीं आने दिया और इसका ही परिणाम रहा की टीम के स्वर्ण पदक जीतने मे इन दोनों का भी बड़ा योगदान रहा । यह बात भी देखने की है जिस उम्र मे लोग देश के लिए खेलने का ख्वाब देखते है उस उम्र मे यह दोनों ओलंपियाड का स्वर्ण पदक हासिल कर चुकी है और इसका प्रभाव आने वाले मुकाबलों मे नजर आएगा । दिव्या और वन्तिका अगर इसी तरह से मेहनत करती रही तो हम कह सकते है की वो भारत की अगली हम्पी और हारिका बनने की राह पर ही है । पढे यह लेख